राजस्थान में पंचायत चुनाव के तीसरे चरण के दौरान कई जिलों में मारपीट और झड़प की घटनाएं सामने आईं।
तीसरे चरण में पंच और सरपंच पदों के लिए मतदान
राजस्थान में गुरुवार को पंचायत चुनाव के तीसरे चरण में 3,716 सरपंच और 34,218 वार्ड पंच पदों के लिए मतदान हुआ। यह मतदान 27 जिलों की 3,716 ग्राम पंचायतों में आयोजित किया गया। अपरान्ह तीन बजे तक 63.61 प्रतिशत मतदाताओं ने अपने मताधिकार का उपयोग किया। मतदान शाम छह बजे तक जारी रहेगा और परिणाम उसी दिन घोषित किए जाएंगे।
मारपीट और झड़प की घटनाएं
तीसरे चरण के मतदान के दौरान सीकर, झुंझुनूं, जालोर, चित्तौड़गढ़ और हनुमानगढ़ जिलों में हंगामा और मारपीट की कई घटनाएं हुईं। सीकर जिले की भोज्या की ढाणी ग्राम पंचायत में सरपंच पद के प्रत्याशी अरुण पारीक के साथ उनके प्रतिद्वंद्वी किशोर कुमार कुमावत और उसके लगभग 50 समर्थकों ने मारपीट की। अरुण पारीक का अस्पताल में उपचार चल रहा है।
झुंझुनूं जिले के नवलगढ़ क्षेत्र के देलसर गांव में बुधवार रात सरपंच पद के प्रत्याशियों के समर्थकों के बीच लाठी-डंडों से झड़प हुई। इस घटना में पंजाब के होशियारपुर निवासी एक युवक की मौत हो गई, जबकि दो अन्य घायल हुए। पुलिस मृतक की पहचान कर रही है और आरोपियों की तलाश कर रही है।
अन्य जिलों में विवाद
जालोर जिले के चितलवाना में फर्जी मतदान को लेकर दो पक्षों में विवाद हुआ। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर भीड़ को हटाया। चित्तौड़गढ़ जिले की भूपालसागर ग्राम पंचायत में भी फर्जी मतदान के आरोपों को लेकर हंगामा हुआ, जिस पर पुलिस ने बल प्रयोग कर स्थिति नियंत्रण में ली। हनुमानगढ़ जिले की नोहर पंचायत समिति की रतनपुर ग्राम पंचायत में सरपंच प्रत्याशियों के समर्थकों के बीच झड़प हुई।
मतदान के दौरान अनोखा मामला और अन्य महत्वपूर्ण जानकारी
दौसा जिले के सैंथल में 28 वर्षीय नसीबन खां ने मतदान किया। बूथ स्तर अधिकारी नरेश विजय ने बताया कि नसीबन खां की लंबाई केवल एक फुट है।
चूरू जिले की राजगढ़ पंचायत समिति की लुदी झाबर ग्राम पंचायत में सरपंच पद के लिए मतदान नहीं हुआ क्योंकि एकमात्र प्रत्याशी का नामांकन रद्द कर दिया गया था। इस वजह से चुनाव नहीं कराया गया।
चुनाव प्रक्रिया का पूरा विवरण
तीसरे चरण के अलावा, पंचायत चुनाव की प्रक्रिया चार चरणों में पूरी की जा रही है। जिला परिषद और पंचायत समिति सदस्यों के चुनाव के पहले तीन चरण 22, 28 अक्टूबर और 3 नवंबर को हो चुके हैं। पंच और सरपंच पदों के पहले दो चरण 24 और 30 अक्टूबर को हुए, जबकि उप-सरपंच पदों के चुनाव 25 और 31 अक्टूबर को हुए थे। उप-सरपंच पद के तीसरे चरण का चुनाव 6 नवंबर को होगा।
चौथे और अंतिम चरण का मतदान जिला परिषद और पंचायत समिति सदस्यों के लिए 14 नवंबर को होगा। इसके बाद 16 नवंबर को पंच और सरपंच पदों के लिए मतदान होगा और 17 नवंबर को उप-सरपंच चुने जाएंगे। सभी चरणों की मतगणना 20 नवंबर को होगी। जिला प्रमुख और उप-जिला प्रमुख के चुनाव 25 और 26 नवंबर को, जबकि पंचायत समिति प्रधान और उप-प्रधान के चुनाव 27 और 28 नवंबर को कराए जाएंगे।
यह खबर क्यों महत्वपूर्ण है?
राजस्थान के पंचायत चुनाव में हिंसा और मतदाता सुरक्षा के मुद्दे सामने आए हैं। यह घटनाएं चुनाव प्रक्रिया की पारदर्शिता और शांतिपूर्ण मतदान के लिए चिंता का विषय हैं। साथ ही, चुनाव के व्यापक चरणबद्ध आयोजन से मतदाता भागीदारी और प्रशासनिक तैयारी का भी पता चलता है।
स्रोत: navjivanindia.com





टिप्पणियाँ
इस खबर पर सबसे पहले अपनी टिप्पणी करें।