किरेन रिजिजू का नसीरुद्दीन शाह पर विवादित बयान
नई दिल्ली में केंद्रीय अल्पसंख्यक कार्यमंत्री किरेन रिजिजू ने अभिनेता नसीरुद्दीन शाह को एक खतरनाक अर्बन दिमागी नक्सल बताया। रिजिजू ने कहा कि उन्होंने पहले नसीरुद्दीन को एक सामान्य कलाकार माना और उनका सम्मान किया, लेकिन बाद में पता चला कि उनकी सोच दिमागी नक्सली जैसी है। उन्होंने बताया, "मुझे लगता था कि नसीरुद्दीन शाह एक ऑर्डिनरी एक्टर हैं। मैं उनका सम्मान करता था और उन्हें पसंद भी करता था। मुझे कभी पता ही नहीं था कि उनकी सोच दिमागी नक्सली जैसी है।" रिजिजू ने यह बयान 29 अक्टूबर 2026 को ट्वीट किया था।
CPM नेता हन्नान मोल्लाह का जवाब
कांग्रेस के बयान पर CPM नेता हन्नान मोल्लाह ने तीखा पलटवार किया। उन्होंने किरेन रिजिजू को "मेंटल क्रिमिनल" कहा और कहा कि रिजिजू भारत की आजादी, लोकतंत्र और संविधान की समझ नहीं रखते। मोल्लाह ने नसीरुद्दीन शाह को एक प्रतिष्ठित और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पहचान रखने वाला अभिनेता बताया। उनका कहना था कि नसीरुद्दीन शाह Gen Z प्रदर्शनकारियों का समर्थन करते हैं, इसलिए उनकी बात सुनी जानी चाहिए, न कि उन पर व्यक्तिगत हमला किया जाना चाहिए।
दो पक्षों के बीच विवाद और आरोप-प्रत्यारोप
मोल्लाह ने कहा कि नसीरुद्दीन शाह को "ब्रेनवॉश्ड नक्सल" कहा जा रहा है क्योंकि वे गलत कामों के खिलाफ आवाज उठाते हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि जो लोग एजेंट, चापलूस और अंधभक्त की तरह काम करते हैं, वे मानसिक रूप से बीमार या मेंटल क्रिमिनल हैं। उन्होंने कहा, "आज देश में लोगों को दो हिस्सों में बांट दिया गया है। नसीरुद्दीन शाह को ब्रेनवॉश्ड नक्सल कहा जा रहा है, जबकि किरेन रिजिजू को मैं मेंटल क्रिमिनल कहता हूं।"
महत्वपूर्ण तथ्य
- किरेन रिजिजू ने नसीरुद्दीन शाह को दिमागी नक्सली कहा।
- यह बयान 29 अक्टूबर 2026 को दिया गया था।
- CPM नेता हन्नान मोल्लाह ने रिजिजू को मेंटल क्रिमिनल कहा।
- मोल्लाह ने नसीरुद्दीन शाह की अंतरराष्ट्रीय प्रतिष्ठा को बताया।
- विवाद Gen Z प्रदर्शनकारियों के समर्थन को लेकर भी है।
स्रोत: bhaskarhindi.com





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