Bharat Vistaar
रविवार, 1 नवंबर 2026
ब्रेकिंग न्यूज़
क्वाड की बैठक में भारत की नेपाल मदद की सराहना, चीन की नीतियों पर चिंता जताईरजनीकांत की जेलर 2 ने 800 करोड़ के करीब की कमाई, तमिल फिल्म का नया रिकॉर्डयोगी आदित्यनाथ ने छह महीने में एक लाख नौकरियों का एलान, 2017 से पहले भर्ती प्रक्रिया पर आरोपदिवाली पूजा में रखें ये 5 वस्तुएं, घर में बनी रहेगी मां लक्ष्मी की कृपाध्रुव जुरेल ने इंडिया ए के लिए खेली 105 रनों की कप्तानी पारी, आकाशदीप ने भी जमाई फिफ्टीदिवाली से पहले घर की सफाई के लिए 7 दिन का आसान प्लान और टिप्सईरान के सर्वोच्च नेता खमेनेई ने अमेरिका-इज़राइल को दी कड़ी चेतावनीयश के बेटे को रामायण में रावण का जटायु वध देख दुख हुआराहुल गांधी ने महिला छात्रों के हॉस्टल की कमी पर उठाए सवालबुध के नक्षत्र परिवर्तन से 2026 में 5 राशियों को मिलेगी सफलता
विज्ञापन
Leaderboard Banner
Leaderboard Banner

योगी आदित्यनाथ ने छह महीने में एक लाख नौकरियों का एलान, 2017 से पहले भर्ती प्रक्रिया पर आरोप

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने छह महीने में एक लाख नौकरियों का एलान किया और भर्ती प्रक्रिया में पारदर्शिता पर जोर दिया।

योगी आदित्यनाथ ने छह महीने में एक लाख नौकरियों का एलान, 2017 से पहले भर्ती प्रक्रिया पर आरोप

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मिशन रोजगार के तहत शनिवार को एक लाख नई नौकरियों की घोषणा की और 818 चयनित युवाओं को नियुक्ति पत्र वितरित किए। यह कार्यक्रम उत्तर प्रदेश के लोकभवन सभागार में आयोजित हुआ, जहां उन्होंने भर्ती प्रक्रिया की पारदर्शिता और सुधार पर जोर दिया।

यूपी में पुलिस और विभिन्न विभागों में बड़ी भर्ती

सीएम योगी ने बताया कि यूपी पुलिस में 36 हजार और होमगार्ड में 41-42 हजार युवाओं की नियुक्ति की जाएगी। इनकी मेडिकल और फिजिकल जांच प्रक्रिया जारी है। इसके अलावा, उत्तर प्रदेश अधीनस्थ सेवा चयन आयोग (UPSSSC) के अगले छह महीने में जारी होने वाले परिणामों से 25-30 हजार युवाओं को रोजगार मिलेगा। उत्तर प्रदेश शिक्षा चयन आयोग से भी 20-25 हजार युवाओं की भर्ती की जाएगी। यूपी लोक सेवा आयोग (UPPSC) की परीक्षाओं के बाद 15-16 हजार युवाओं को विभिन्न विभागों में नियुक्ति मिलेगी।

भर्ती प्रक्रिया में पारदर्शिता पर जोर

लोकभवन सभागार में आयोजित कार्यक्रम में सीएम ने चयनित युवाओं को नियुक्ति पत्र सौंपते हुए कहा कि भर्ती प्रक्रिया में किसी प्रकार की राजनीति और भाई-भतीजावाद नहीं चलेगा। उन्होंने कहा कि 2017 से पहले आयोग और बोर्डों में भाई-भतीजों को बैठाकर भर्ती प्रक्रिया को बदनाम किया गया था। उस समय भ्रष्टाचार और भेदभाव के कारण नौजवानों के सपने टूटते थे।

सीएम ने यह भी बताया कि 2017 से पहले उत्तर प्रदेश पब्लिक सर्विस कमीशन (UPPSC) का चेयरमैन एक अयोग्य व्यक्ति था, जिसके कारण युवाओं को न्याय के लिए सड़क पर उतरना पड़ा। उन्होंने कहा कि 2017 में युवाओं ने सरकार बदलने का बड़ा फैसला लिया और तब से मिशन रोजगार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विजन के अनुरूप बढ़ावा दिया गया है।

युवाओं के लिए अवसर और आर्थिक विकास

योगी आदित्यनाथ ने कहा कि अब तक साढ़े 9 लाख युवाओं को नियुक्ति मिल चुकी है और अगले छह महीने में एक लाख से अधिक नियुक्ति पत्र दिए जाएंगे। उन्होंने बताया कि उत्तर प्रदेश 6 वर्षों से राजस्व अधिशेष वाला राज्य है और भारत की टॉप-3 इकॉनमी में शामिल है। एमएसएमई सेक्टर में तीन करोड़ से अधिक लोगों को रोजगार मिला है, जो 2017 से पहले बंद पड़ा था।

उन्होंने कहा कि हस्तशिल्पियों और कारीगरों के लिए सम्मान, बाजार और टेक्नोलॉजी उपलब्ध कराई गई है, जिससे यूपी लाखों करोड़ रुपये का निर्यात कर रहा है। इसके अलावा, स्टार्टअप इकोसिस्टम भी तेजी से विकसित हुआ है, जहां अब 24 हजार से अधिक स्टार्टअप सक्रिय हैं, जबकि 2017 में केवल 120 स्टार्टअप थे।

भविष्य की योजनाएं और यूपी इंटरनेशनल ट्रेड शो

सीएम ने बताया कि 25 से 29 सितंबर तक गौतमबुद्ध नगर में यूपी इंटरनेशनल ट्रेड शो (यूपीआईटीएस) का चौथा संस्करण आयोजित होगा, जिसमें 650 विदेशी खरीदार और 2500 से अधिक प्रदर्शक हिस्सा लेंगे। इस आयोजन में यूपी के युवा, कारीगर और उद्यमी अपने उत्पादों को प्रदर्शित करेंगे और बड़े ऑर्डर प्राप्त करेंगे।

उन्होंने आयुष मंत्रालय के विकास की भी बात की, बताया कि 2014 से पहले आयुष की पहचान नहीं थी लेकिन पीएम मोदी के नेतृत्व में इसे नया प्लेटफॉर्म मिला है। अब आयुष विश्वविद्यालय, मेडिकल कॉलेज आदि बन रहे हैं।

सीएम ने भर्ती प्रक्रिया में समयबद्धता और मेरिट पर खास ध्यान देने की बात कही और बताया कि ग्रुप-3 व 4 की भर्ती में इंटरव्यू सिस्टम समाप्त कर दिया गया है, जिससे रिश्वतखोरी और भ्रष्टाचार कम हुआ है।

भर्ती प्रक्रिया में सुधार और भ्रष्टाचार के खिलाफ कदम

योगी आदित्यनाथ ने कहा कि सपा शासन में आवेदन न करने वालों को भी नियुक्ति पत्र दिए गए थे, जबकि आवेदन करने वाले बेरोजगार रह गए। उन्होंने युवाओं से अपील की कि वे अपने भविष्य से खिलवाड़ करने वालों के खिलाफ खड़े हों।

उन्होंने यह भी कहा कि पिछली सरकारें भ्रष्टाचार, बिचौलियों और भेदभाव के कारण यूपी की प्रतिभा को दबा रही थीं। वर्तमान सरकार ने चुनौती को समाधान में बदला है और प्रदेश को काले धब्बे से मुक्त किया है।

विवरणसंख्या
यूपी पुलिस भर्ती36,000
होमगार्ड भर्ती41,000-42,000
UPSSSC के परिणामों से रोजगार25,000-30,000
उत्तर प्रदेश शिक्षा चयन आयोग भर्ती20,000-25,000
UPPSC से नियुक्तियां15,000-16,000
छह महीने में कुल नियुक्तियां1,00,000+

इस प्रकार, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने उत्तर प्रदेश में रोजगार सृजन और भर्ती प्रक्रिया में सुधार के लिए ठोस कदम उठाए हैं। यह युवाओं के लिए नए अवसरों का मार्ग प्रशस्त करेगा और प्रदेश की अर्थव्यवस्था को मजबूती देगा।

महत्वपूर्ण तथ्य

  • मुख्यमंत्री ने छह महीने में एक लाख से अधिक नौकरियों का वादा किया।
  • यूपी पुलिस और होमगार्ड में कुल 77 हजार से अधिक भर्ती की जाएगी।
  • 2017 से पहले भर्ती प्रक्रिया में भाई-भतीजावाद और भ्रष्टाचार के आरोप।
  • यूपी इंटरनेशनल ट्रेड शो में विदेशी खरीदार और 2500 से अधिक प्रदर्शक हिस्सा लेंगे।

स्रोत: livetimes.news

यह खबर शेयर करें
स
संपादकीय टीम · Bharat Vistaar

Bharat Vistaar की संपादकीय टीम।

संपादकीय टीम की और खबरें →

टिप्पणियाँ

इस खबर पर सबसे पहले अपनी टिप्पणी करें।