Bharat Vistaar
मंगलवार, 3 नवंबर 2026
ब्रेकिंग न्यूज़
मधुबनी में ASI ने फायरिंग की, 1 की मौत, 3 घायलभारत बनाम न्यूजीलैंड पहला वनडे मैच 4 नवंबर को सुबह 7:30 बजे शुरूअखिलेश यादव ने धीरेंद्र शास्त्री पर जताई आपत्ति, कहा- श्रीकृष्ण को 'टेढ़ा' कहना गलततुषार कपूर को लॉरेंस बिश्नोई गैंग के नाम पर 5 करोड़ रुपये की धमकीBHU विवाद में अर्चिता को 8 दिन के धरने के बाद मिला चयननेपाल के सोलुखुंबु में दो हेलीकॉप्टर टकराए, एक भारतीय नागरिक की मौततेजस्वी यादव ने बिहार के दो निर्दलीय एमएलसी की सदस्यता रद्द करने की मांग कीदिवाली 2026: तिजोरी में लाल कपड़े में हल्दी की गांठ रखने से बढ़ेगा धन-संपदामेरठ में फरार वारंटी अरशद की मुठभेड़ के बाद गिरफ्तारी, पुलिस पर फायरिंगतुषार कपूर से 5 करोड़ की फिरौती मांगने वाली कॉल की जांच जारी
विज्ञापन
Leaderboard Banner
Leaderboard Banner

तेजस्वी यादव ने बिहार के दो निर्दलीय एमएलसी की सदस्यता रद्द करने की मांग की

तेजस्वी यादव ने बिहार के दो निर्दलीय एमएलसी की भाजपा में शामिल होने पर सदस्यता रद्द करने की मांग की है।

तेजस्वी यादव ने बिहार के दो निर्दलीय एमएलसी की सदस्यता रद्द करने की मांग की

पटना। बिहार विधान परिषद के दो निर्दलीय सदस्यों के भाजपा में शामिल होने को लेकर विवाद गहरा गया है। नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने इन दोनों सदस्यों की सदस्यता दलबदल विरोधी कानून के तहत रद्द करने की मांग की है।

निर्दलीय एमएलसी की भाजपा में शामिल होने पर विवाद

यह मामला तिरहुत स्नातक निर्वाचन क्षेत्र से चुने गए बंशीधर ब्रजवासी और सारण शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र से निर्वाचित राहुल राज से जुड़ा है। दोनों ने हाल ही में बिहार विधान परिषद चुनाव निर्दलीय उम्मीदवार के रूप में जीता था, लेकिन बाद में भाजपा में शामिल हो गए।

तेजस्वी यादव ने कहा, "निर्दलीय एमएलसी चुनाव जीतने के बाद किसी राजनीतिक दल में शामिल नहीं हो सकता। ऐसा करने पर सदस्यता समाप्त की जा सकती है। दोनों की सदस्यता तुरंत रद्द होनी चाहिए, अन्यथा संविधान का उल्लंघन होगा।"

जन सुराज पार्टी की याचिका और आरोप

पूर्व एमएलसी प्रोफेसर रामबली सिंह चंद्रवंशी के नेतृत्व में जन सुराज पार्टी का एक प्रतिनिधिमंडल सोमवार को बिहार विधान परिषद पहुंचा। उन्होंने सभापति अवधेश नारायण सिंह को दस्तावेजों के साथ याचिका सौंपी, जिसमें दोनों सदस्यों की सदस्यता रद्द करने की मांग थी।

चंद्रवंशी ने कहा कि बिहार लोकतंत्र की जन्मस्थली है और यहां के लोकतांत्रिक मूल्य सार्वजनिक नैतिकता और जवाबदेही पर आधारित हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि चुनाव जीतने के 72 घंटे के भीतर ही दोनों एमएलसी भाजपा कार्यालय पहुंच गए और औपचारिक रूप से सदस्यता ग्रहण कर ली।

उन्होंने बताया कि दोनों को सदस्यता रसीदें दी गईं और सदस्यता कार्यक्रम के दौरान उन्होंने भाजपा का अंगवस्त्र भी पहना था।

चंद्रवंशी ने कहा, "जब कानूनी कार्रवाई की संभावना बनी तो भाजपा प्रदेश अध्यक्ष संजय सरावगी ने सोशल मीडिया से संबंधित पोस्ट हटा दीं और बाद में दावा किया कि दोनों केवल पार्टी को समर्थन देने गए थे।"

दलबदल विरोधी कानून और सदस्यता रद्द करने की मांग

जन सुराज पार्टी ने सभापति को सदस्यता रसीदों के नंबर सहित सभी दस्तावेज सौंप दिए हैं और इस मामले की जांच कर कार्रवाई की मांग की है।

चंद्रवंशी ने बताया कि तीन साल पहले उन्हीं के खिलाफ भी विधान परिषद में दलबदल विरोधी कानून के तहत कार्रवाई हुई थी। उन्होंने कहा, "52वें संविधान संशोधन के तहत निर्दलीय सदस्य चुनाव जीतने के बाद किसी दल में शामिल होते हैं तो उनकी सदस्यता तुरंत खत्म की जा सकती है।"

विधायी विवाद और आगे की प्रक्रिया

इस विवाद ने विधान परिषद में निर्दलीय सदस्यों पर दलबदल विरोधी कानून के लागू होने पर बहस तेज कर दी है। मामले में अंतिम निर्णय संविधान के तहत सक्षम प्राधिकारी द्वारा लिया जाएगा।

स्रोत: deshbandhu.co.in

यह खबर शेयर करें
स
संपादकीय टीम · Bharat Vistaar

Bharat Vistaar की संपादकीय टीम।

संपादकीय टीम की और खबरें →

टिप्पणियाँ

इस खबर पर सबसे पहले अपनी टिप्पणी करें।