फिल्म निर्देशक संजय गुप्ता का 30 अक्टूबर 2026 को वर्सोवा में निधन हो गया। उनके अचानक निधन से फिल्म इंडस्ट्री में शोक की लहर दौड़ गई है।
संजय गुप्ता का निधन कैसे हुआ
वर्सोवा पुलिस थाना क्षेत्र में हिंदी फिल्मों के निर्माता और निर्देशक संजय गुप्ता की मौत की खबर सामने आई है। बताया गया कि 30 अक्टूबर की रात गुप्ता अपने घर में बाथरूम में गिर गए थे। इस गिरने से सिर में चोट लगने के कारण खून बहने लगा, जिससे उनकी मौत हो गई। घटना के वक्त उनके साथ पत्नी, दो बच्चे और घरेलू सहायिका मौजूद थे, जो सभी रात में सो रहे थे। सुबह तक किसी को इस घटना का पता नहीं चला। 31 अक्टूबर की सुबह परिवार को यह जानकारी मिली, तब तक उनकी मौत हो चुकी थी।
परिवार की तरफ से अभी तक कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है। वर्सोवा पुलिस ने आकस्मिक मृत्यु का मामला दर्ज कर पोस्टमार्टम के बाद आगे की जांच शुरू कर दी है। परिवार की ओर से फिलहाल किसी तरह का संदेह या शिकायत दर्ज नहीं कराई गई है।
फिल्म इंडस्ट्री में शोक
संजय गुप्ता के निधन से बॉलीवुड के कई कलाकार और प्रशंसक दुखी हैं। तुषार कपूर ने अपने X (पहले Twitter) अकाउंट पर लिखा कि उन्होंने सुबह उठकर संजय गुप्ता के अचानक और दुखद निधन की खबर सुनी। उन्होंने कहा कि जिंदगी कितनी अनिश्चित है, लेकिन संजय गुप्ता ने जिंदगी को पूरी तरह जीना सिखाया। तुषार कपूर ने उनके परिवार के प्रति गहरी संवेदनाएं भी व्यक्त कीं।
कमाल आर. खान ने भी सोशल मीडिया पर अपनी भावनाएं व्यक्त करते हुए कहा कि उन्हें यकीन नहीं हो रहा कि संजय भाई हमें छोड़कर चले गए हैं। वे लगभग हर दूसरे दिन फिल्मों और बॉलीवुड के बारे में बात किया करते थे। कमाल ने कहा कि संजय गुप्ता को हर चीज का गहन ज्ञान था और वे उन्हें बहुत याद करेंगे।
संजय गुप्ता का फिल्मी करियर
संजय गुप्ता ने हिंदी सिनेमा में कई फिल्मों का निर्देशन किया। उनकी चर्चित फिल्मों में शूटआउट एट वडाला, कांटे, काबिल, आतिश, राम शास्त्र और जज्बा शामिल हैं। कई फिल्मों के निर्माता या सह-निर्माता भी वे खुद रहे। उन्होंने शूटआउट एट लोखंडवाला, प्लान, वुडस्टॉक विला, एसिड फैक्ट्री और पंख जैसी फिल्मों का निर्माण भी किया।
जीवन के संघर्ष और हादसा
संजय गुप्ता की जिंदगी उतार-चढ़ाव भरी रही। कई बार प्रोड्यूसर्स के साथ विवादों में फंसे, लेकिन वे अपनी लोकप्रियता बनाए रखने में सफल रहे। उन्होंने निजी जीवन में भी कई चुनौतियां झेलीं, जिसमें अपनी पत्नी से तलाक लेना और बाद में पुनः शादी करना शामिल है।
कुछ साल पहले वे एक गंभीर सड़क हादसे का शिकार हुए थे जब वे पुणे से मुंबई लौट रहे थे। उस हादसे में उनकी जान बची थी, जिसे उन्होंने अपनी जिंदगी का दूसरा मौका माना था।
स्रोत: indiatv.in





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